अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव का असर अब सीधे अमेरिकी रक्षा व्यवस्था पर दिखाई देने लगा है। लगातार सैन्य अभियानों और मिसाइलों के इस्तेमाल के कारण अमेरिकी हथियार भंडार पर दबाव बढ़ गया है। इसी वजह से अमेरिकी रक्षा मुख्यालय पेंटागन ने देश की प्रमुख रक्षा कंपनियों को हथियारों के उत्पादन में तेजी लाने का आदेश दिया है।
पेंटागन ने रक्षा उद्योग से जुड़े अधिकारियों को अगले 21 दिनों के भीतर एक विस्तृत योजना पेश करने को कहा है। इस योजना में हथियारों के उत्पादन को बढ़ाने और उनकी आपूर्ति को तेज करने के उपाय शामिल होंगे। अमेरिकी प्रशासन का मानना है कि मौजूदा हालात में अमेरिकी हथियार भंडार को मजबूत करना राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बेहद जरूरी है।
पैट्रियट और THAAD मिसाइलों पर बढ़ी चिंता
रिपोर्टों के अनुसार, हालिया संघर्ष के दौरान पैट्रियट और THAAD जैसी मिसाइल प्रणालियों का बड़े पैमाने पर इस्तेमाल हुआ है। इसके कारण अमेरिकी हथियार भंडार में इन मिसाइलों की संख्या कम हुई है।
पैट्रियट मिसाइल प्रणाली दुश्मन की बैलिस्टिक मिसाइलों को हवा में ही नष्ट करने में सक्षम है। वहीं, THAAD प्रणाली लंबी दूरी की मिसाइलों से सुरक्षा प्रदान करती है। पेंटागन अब इन दोनों प्रणालियों के भंडार को दोबारा भरने की तैयारी कर रहा है।
रक्षा कंपनियों को मिला नया निर्देश
अमेरिकी रक्षा मंत्रालय ने रक्षा कंपनियों से कहा है कि वे उत्पादन क्षमता बढ़ाने के लिए नई रणनीति तैयार करें।
इसके तहत अतिरिक्त कर्मचारियों की भर्ती, नई तकनीकों का इस्तेमाल और उत्पादन प्रक्रिया में सुधार जैसे कदम उठाए जा सकते हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि मध्य पूर्व में तनाव और बढ़ता है, तो अमेरिकी हथियार भंडार पर दबाव और बढ़ सकता है।
कांग्रेस में अटका रक्षा बजट
अमेरिका में लगभग 1.15 ट्रिलियन डॉलर का रक्षा बजट अभी कांग्रेस में लंबित है।
इस बजट के बिना बड़े स्तर पर हथियार उत्पादन बढ़ाना आसान नहीं होगा।
रक्षा मंत्रालय का कहना है कि अतिरिक्त फंड मिलने के बाद ही उत्पादन क्षमता को पूरी तरह बढ़ाया जा सकेगा।
यही कारण है कि पेंटागन और रक्षा उद्योग दोनों कांग्रेस के फैसले का इंतजार कर रहे हैं।
वैश्विक सुरक्षा पर असर
विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिकी हथियार भंडार में कमी का असर केवल अमेरिका तक सीमित नहीं रहेगा।
अमेरिका अपने कई सहयोगी देशों को रक्षा सहायता और मिसाइल प्रणाली उपलब्ध कराता है।
ऐसे में हथियारों की कमी वैश्विक सुरक्षा संतुलन को प्रभावित कर सकती है।
Sunil Sharma | Satvik Samachar
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
1. अमेरिकी हथियार भंडार पर दबाव क्यों बढ़ा है?
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव और मिसाइलों के बड़े पैमाने पर इस्तेमाल के कारण हथियार भंडार पर दबाव बढ़ा है।
2. पेंटागन ने रक्षा कंपनियों को कितना समय दिया है?
पेंटागन ने रक्षा कंपनियों को नई उत्पादन योजना तैयार करने के लिए 21 दिनों का समय दिया है।
3. पैट्रियट और THAAD मिसाइलें क्या हैं?
ये अमेरिका की उन्नत मिसाइल रक्षा प्रणालियां हैं, जो दुश्मन की बैलिस्टिक मिसाइलों को रोकने में सक्षम हैं।
4. रक्षा बजट कितना है?
अमेरिका का लगभग 1.15 ट्रिलियन डॉलर का रक्षा बजट अभी कांग्रेस में लंबित है।















