भारत और इटली के रिश्तों के बीच एक छोटा सा गिफ्ट अब बड़ा राजनीतिक मुद्दा बन गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा इटली की प्रधानमंत्री Giorgia Meloni को दी गई मेलोडी टॉफी को लेकर देश की राजनीति गर्म हो गई है। कांग्रेस ने इस पूरे मामले को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है।
दरअसल, सोशल मीडिया पर एक वीडियो और तस्वीरें तेजी से वायरल हुईं, जिनमें पीएम मोदी इटली की प्रधानमंत्री को भारतीय टॉफी गिफ्ट करते नजर आए। इसके बाद कांग्रेस नेताओं ने इसे “मेलोनी टॉफी विवाद” बताते हुए तंज कसा। कांग्रेस का कहना है कि देश में महंगाई और बेरोजगारी जैसे बड़े मुद्दे मौजूद हैं, लेकिन सरकार प्रतीकात्मक चीजों को ज्यादा महत्व दे रही है।
हालांकि बीजेपी ने इस आलोचना का जवाब देते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति में छोटे उपहार भी रिश्तों को मजबूत करने का माध्यम होते हैं। पार्टी नेताओं ने इसे भारत की सॉफ्ट पावर और सांस्कृतिक कूटनीति का हिस्सा बताया।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि “मेलोनी टॉफी विवाद” अब सोशल मीडिया पर नया ट्रेंड बन चुका है। कई यूजर्स इसे मजाकिया अंदाज में देख रहे हैं, जबकि कुछ लोग इसे अंतरराष्ट्रीय रिश्तों से जोड़कर चर्चा कर रहे हैं।
भारत और इटली के बीच हाल के वर्षों में संबंध मजबूत हुए हैं। ऐसे में यह छोटा गिफ्ट भी चर्चा का केंद्र बन गया है।
FAQ
Q1. मेलोनी टॉफी विवाद क्या है?
यह विवाद पीएम मोदी द्वारा इटली की प्रधानमंत्री को मेलोडी टॉफी गिफ्ट करने के बाद शुरू हुआ राजनीतिक विवाद है।
Q2. कांग्रेस ने इस मुद्दे पर क्या कहा?
कांग्रेस ने इसे लेकर सरकार पर तंज कसा और महंगाई जैसे मुद्दों की याद दिलाई।
Q3. बीजेपी का जवाब क्या था?
बीजेपी ने कहा कि यह भारतीय संस्कृति और सांस्कृतिक कूटनीति का हिस्सा है।










