लोकसभा में वक्फ संशोधन विधेयक पर हंगामा, ओवैसी ने फाड़ी बिल की प्रति
दिनाँक 03/04/2025 नई दिल्ली
लोकसभा में वक्फ संशोधन विधेयक पर चर्चा के दौरान एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि यह विधेयक मुसलमानों को कमजोर करने और उनकी संपत्तियों को खत्म करने के लिए लाया गया है।
ओवैसी ने उठाए सवाल
ओवैसी ने कहा कि मुंबई में एक धनी व्यक्ति ने यतीमखाने (अनाथालय) की जमीन को 22 करोड़ रुपये में खरीदा, लेकिन सरकार इस मामले में कुछ नहीं कर रही। उन्होंने सच्चर कमेटी की रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि 2007 में दिल्ली की 123 वक्फ संपत्तियों की कीमत 6,000 करोड़ रुपये आंकी गई थी, लेकिन सरकार इसे वापस लेने के लिए तैयार नहीं है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि 2013 में बिना विरोध के वक्फ कानून पास हुआ था, लेकिन अब सरकार इस कानून में बदलाव कर रही है। ओवैसी ने कहा कि सरकार मुसलमानों को वक्फ से बचने के लिए ट्रस्ट बनाने का रास्ता दिखा रही है।
ओवैसी ने फाड़ी विधेयक की प्रति
बहस के दौरान ओवैसी ने कहा कि इस कानून का मकसद मुसलमानों को नीचा दिखाना और उन्हें दूसरे दर्जे का नागरिक बनाना है। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि इस बिल के जरिए हिंदू-मुस्लिमों के बीच विवाद बढ़ाने की साजिश की जा रही है। गुस्से में आकर उन्होंने संसद में ही संविधान संशोधन विधेयक की प्रति फाड़ दी।
अमित शाह ने दिया जवाब
गृह मंत्री अमित शाह ने ओवैसी के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वक्फ संपत्तियों पर अवैध कब्जे और भ्रष्टाचार को रोकने के लिए यह कानून जरूरी है। उन्होंने साफ किया कि विधेयक मुसलमानों की धार्मिक प्रथाओं में कोई दखल नहीं देगा।
जल्द हो सकती है वोटिंग
लोकसभा में इस मुद्दे पर आज शाम तक वोटिंग होने की संभावना है। अलग-अलग दलों के नेता इस पर अपनी राय रख रहे हैं और चर्चा जारी है।
